उत्तराखंड के आठ जिलों में भारी बारिश का यलो अलर्ट जारी, तीन एनएच समेत 177 सड़कें ठप
रोशनी शंकर ( ग्रेटर नोएडा )
उत्तराखंड में मौसम का मिजाज फिर बिगड़ गया है। मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून ने राज्य के आठ जिलों—देहरादून, उत्तरकाशी, चमोली, पौड़ी, बागेश्वर, नैनीताल, चंपावत और पिथौरागढ़ के लिए भारी वर्षा का यलो अलर्ट जारी किया है। वैज्ञानिकों के अनुसार, जलवायु परिवर्तन और मौसम के बदलते रुझान के चलते पर्वतीय इलाकों में लगातार तेज बारिश का दौर बना हुआ है।
मैदानी इलाकों में जहां मानसून कमजोर पड़ा है, वहीं पहाड़ों में लगातार बारिश लोगों की परेशानी बढ़ा रही है। मौसम पूर्वानुमान के मुताबिक 17 सितंबर तक राज्यभर में कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश की संभावना बनी रहेगी। तेज बारिश और मलबा आने के कारण सड़कों पर यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ है। गुरुवार को तीन राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) समेत 177 सड़कें बंद रहीं। टिहरी में 23, चमोली में 32, रुद्रप्रयाग में 25, पौड़ी में 12 और उत्तरकाशी जिले में 21 मार्ग अवरुद्ध रहे। इसके अलावा देहरादून में 16, हरिद्वार में एक, पिथौरागढ़ में 18, अल्मोड़ा में 16, बागेश्वर में छह और नैनीताल में सात सड़कें बंद रहीं। राहत की बात यह है कि चंपावत और ऊधम सिंह नगर जिलों में कोई मार्ग अवरुद्ध नहीं है। सड़कें ठप होने से स्थानीय लोगों के साथ-साथ पर्यटकों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई जगहों पर आवश्यक सामान की आपूर्ति प्रभावित हुई है।
प्रशासन ने लोगों से सावधानी बरतने और अनावश्यक यात्रा से परहेज करने की अपील की है। राज्य सरकार और जिला प्रशासन लगातार प्रभावित क्षेत्रों पर नजर बनाए हुए हैं। मशीनरी की मदद से मलबा हटाने और बंद मार्गों को जल्द खोलने के प्रयास तेज किए जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि प्राथमिकता उन मार्गों को दी जा रही है, जो अस्पतालों और जरूरी सेवाओं से जुड़े हुए हैं।
