सेना भर्ती प्रक्रिया में रक्षा मंत्रालय ने बड़ा बदलाव, सेना भर्ती के लिए ‘अग्निपथ भर्ती योजना’ लॉन्च

अग्निवीरों

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निधि वर्मा। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने मंगलवार को बड़ा एलान किया। गृह मंत्रालय ने ट्वीट कर कहा कि अग्निपथ योजना युवाओं के उज्जवल भविष्य के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का एक दूरदर्शी और स्वागत योग्य निर्णय है। इसलिए इस योजना में चार साल पूरा करने वाले अग्निवीरों को सीएपीएफ और असम राइफल्स में भर्ती में प्राथमिकता देने का निर्णय लिया है।


अग्निपथ का एलान 14 जून 2022 मंगवार को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और तीनों सेनाओं के प्रमुख ने साझा प्रेस कान्फ्रेंस में किया। इस योजना के तहत चार साल के लिए युवाओं को भर्ती किया जाएगा। जब वे नौकरी से मुक्त होंगे तो उन्हें सेवा निधि पेकेज दिया जाएगा। इस योजना के तहत सेना में शामिल होने वाले वीरों को अग्निवीर कहा जाएगा।


अग्निपथ योजना रक्षा बलों का खर्च और उम्र घटाने का सरकार प्रयास कर रहे है। इस योजना के तहत चार साल 80 प्रतिशत सैनिकों को कार्यमुक्त कर दिया जाएगा। सेना उनके लिए रोजगार के अवसर मुहैया कराने में सेना उनकी मदद करेगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अग्निपथ योजना के बारे में दो सप्ताह पहले ही जानकारी दे दी गई थी।


अग्निपथ योजना के तहत थल सेना में सोल्जर रैंक, नौसेना में नौसैनिक या सोलर रैंक पर और वायु सैनिक यानि एयरमैन रैंक पर भर्ती करने का प्रस्ताव है। अग्निपथ योजना के लिए उम्र साढ़े 17 साल 21 साल तक होनी चाहिए। इस योजना के तहत 10 हफ्ते से लेकर 6 महीने तक ट्रेनिंग दी जाएगी। इसके बाद अग्निवीरों के देश के अलग- अलग हिस्सों में तैनात किया जाएगा।
अगर कोई अग्निवीर देश की सेवा करते हुए शहीद हो जाता है तो उनके परिजनों को सेवा निधि समेत एक करोड़ रुपये की राशि दी जाएगी। इसके अलावा, बची हुई नौकरी का वेतन भी परिजनों को दिया जाएगा।