आंवला, बीमारी का रामबाण उपचार।

आईआईएमटी न्यूड डेस्क, ग्रेटर नोएडा



हमारे शरीर के लिए आंवला एक रामबाण की तरह काम करता है। इसके नियमित सेवन से सैकड़ों बीमारियों से छुटकारा मिल जाता है। आंवला में पाये जाने वाले तत्वों में कैल्शियम, आयरन, फॉस्फोरस, फाइबर, पोटाश और कार्बोहाइड्रेट सहित ब्यूटी प्रोडक्स की मात्रा अधिक प्रभावशाली होती हैं।
आंवलें से होने वाले लाभ-
कैंसर में आंवला बेहद फायदेमंद हैं। इसमें एंटी ऑक्सीडेंट और एंटी कैंसर गुण पाए जाते हैं। आंवले जूस कोशिकाओं में कैंसर फैलने से रोकता हैं। अल्सर में आंवला जूस काफी राहत प्रदान करता हैं। पेप्टिक अल्सर में कारगर साबित होता हैं।
वजन कम करने में आंवला का सेवन फायदेमंद हैं। गंदगी को साफ कर चर्बी को कम करता हैं। दस्त में कारगर हैं आंवले का पाउडर जिसमें हाइट्री फाइबर की मात्रा भरपूर्ण होने से पाचन और कब्ज में राहत प्रदान करता हैं। हाईब्लड प्रेशर में आंवला पाउडर शहद के साथ सेवन करने से दिमागी संतुलन बनाए रखता हैं। आंख की रोशनी में एंटी ऑक्साइड और विटामिन सी/ए से रेटिना की सभी समस्याओं से निजात मिलता हैं। पथरी में आंवला पाउडर मूली के रस में मिलाकर 40 दिन नियमित सेवन करने से पथरी गलने लगती हैं। आंवला रक्तचाप हिमोग्लोबिन को बढ़ाने में सक्षम हैं। बुखार में आंवलें का छौंक लगाकर सेवन किया जाता हैं। दांत की समस्या के लिए आंवले का पेस्ट से मसाज़ की जाती हैं। दिमागी गर्मी को आंवले के पानी को पिलाने और पेस्ट के लेप से ठंडक मिलती हैं। याददाश्त में आंवले के मुरब्बे में गाय के दूध को मिलाकर पीने से स्मरण शक्ति बढ़ती हैं। चेहरे की झुर्रिया और दाग धब्बे में आंवले के पेस्ट का प्रयाग किया जाता हैं। बालों की सफेदी और झड़ने में आंवले के पानी से नियमित बालों को धोने से आराम मिलता है।
आंवले के नुकसान-
आंवले का सेवन करने से पहले डायटीशियन की सलाह लेनी चाहिए। लीवर में SGPT यौगिक गुण बढ़ने से पाचन क्रिया में परेशानी होती हैं। एसीडिटी वाले मरीज को खाली पेट आंवले का सेवन करने से समस्या बढ़ती हैं। इसमें एसीडिक तत्व की मात्रा अधिक होती हैं। कब्ज में आंवला मल को जाम कर सकता हैं। इसमें फाइबर तत्व अधिक होता हैं। ब्लड प्रेशर में आंवला का सीधा असर शरीर के सोडियम स्तर पर पड़ता हैं। अधिक प्रयोग से यूरिन में जलन और मूत्र में दुर्गंध भी आने लगती हैं।